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असांजे ने ‘खुफियागिरी’ के लिए दूतावास का इस्तेमाल किया : लेनिन मोरेनो

By Dabangdunia News Service | Publish Date: Apr 15 2019 5:47PM | Updated Date: Apr 15 2019 5:48PM
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क्विटो। इक्वाडोर के राष्ट्रपति लेनिन मोरेनो ने विकीलीक्स के संस्थापक जुलियन असांजे पर देश के दूतावास का इस्तेमाल ‘खुफियागिरी केंद्र’ के तौर पर करने का आरोप लगाया है। बीबीसी न्यूज रिपोर्ट के मुताबिक मोरेनो ने कहा कि किसी अन्य राष्ट्र ने विकीलीक्स के संस्थापक की शरण को रद्द करने के फैसले को वापस लेने के लिए दबाव नहीं डाला। असांजे के कई बार नियमों का उल्लंघन करने के कारण उन्हें  शरण देने के फैसले को रद्द किया।

उन्होंने दावा किया कि देश की पुरानी सरकार ने अन्य देशों के दबाव में असांजे को दूतावास में सभी सुविधायें मुहैय्या कराई थीं। विकीलीक्स के संस्थापक जूलियन असांजे को गुरुवार को लंदन में इक्वाडोर के दूतावास से गिरफ्Þतार कर लिया गया है जहाँ उन्होंने पिछले सात साल से शरण ले रखी थी। असांजे ने वर्ष 2012 से इक्वाडोर के दूतावास में शरण ली हुई थी। असांजे के वकील ने इससे पहले इक्वाडोर पर बेबुनियाद आरोप लगाने के आरोप लगाये थे।

वर्ष 2017 में सत्ता में आये राष्ट्रपति मोरेनो ने कहा कि असांजे के सात साल के दूतावास में रहने के फैसले को समाप्त करने के लिए, ‘‘अस्थिर करने का कोई भी प्रयास इक्वाडोर के लिए एक निंदनीय कार्य है, क्योंकि हम एक संप्रभु राष्ट्र हैं और हरेक देश की राजनीति का सम्मान करते हैं।’’ उन्होंने कहा,‘‘हम अपने घरों को खुफियागिरी का केंद्र नहीं बनने दे सकते।’’ राष्ट्रपति ने कहा कि अन्य देशों के अंदरूनी मामलों में हस्तक्षेप करने के बाद असांजे के व्यवहार को लेकर हमारे देश का धैर्य खत्म हो गया है।

मोरेनो ने कहा, ‘‘ ताजा मामला जनवरी 2019 का है, जब विकीलीक्स ने वैटिकन के दस्तावेज लीक किये था।’’ असांजे की वकील जेनिफर रॉबिंसन ने इक्वाडोर सरकार की ओर से लगाये गये तमाम आरोपों को साफ खारिज करते हुए कहा, ‘‘मुझे लगता है कि इक्वाडोर पिछले कुछ दिनों में कुछ बहुत ही अपमानजनक आरोप लगा रहा है ताकि ब्रिटिश पुलिस को दूतावास के अंदर आने की अनुमति देने की गैरकानूनी और असाधारण कार्य को न्यायोचित ठहराया जा सके।’’

उन्होंने कहा कि असांजे को अमेरिका की ओर से प्रत्यर्पण की आशंका इस सप्ताह तब साबित हो गयी जब उन पर (असांजे) अमेरिकी रक्षा मंत्रालय के मुख्यालय पेंटागन के कम्प्यूटर को हैक करने की साजिश करने का आरोप लगाया गया। असांजे (47) वर्ष 2012 में इक्वाडोर दूतावास में शरण लेने से पहले जमानत की शर्ता के 12 महीने की कैद की सजा भुगत चुके थे।

उन्होंने बलात्कार और अन्य आरोपों में स्वीडन के प्रत्यर्पण के खिलाफ लड़ाई हारने के बाद दूतावास की शरण ली थी। असांजे ने साल 2006 में विकीलीक्स की स्थापना की थी जिसका उद्देश्य गोपनीय दस्तावेज और तस्वीरों को प्रकाशित करना था। विकीलिक्स ने चार साल बाद तब सुर्खियां बटोरी जब उसने एक फुटेज जारी किया जिसमें अमरीकी सैनिक इराकÞ में हेलिकॉप्टर से आम नागरिकों की हत्या कर रहे थे।

इस खुलासे में उनका साथ देने वाली अमेरिकी विश्लेषक चेल्सी मैनिंग को साल 2010 में अमेरिका में गिरफ्Þतार किया गया। उन पर सात लाख गोपनीय दस्तावेज, वीडियो और डिप्लोमेटिक केबल का खुलासा एंटी सीक्रेसी वेबसाइट के साथ मिलकर करने का आरोप लगाया गया। इस मामले तथा कुछ अन्य खुलासों को लेकर अमेरिका असांजे का प्रत्यर्पण करना चाहता है लेकिन इसके लिए फिलहाल ब्रिटिश सरकार की इजाजत की आवश्यकता होगी।  

 
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